Leave Reserve क्या है, क्यों आवश्यक है एवं किन कर्मचारियों को मिलता है?
भारतीय रेलवे विश्व की सबसे बड़ी रेल प्रणालियों में से एक है, जहाँ प्रतिदिन लाखों यात्रियों और विशाल माल परिवहन का संचालन हजारों ट्रेनों के माध्यम से किया जाता है। ऐसी व्यवस्था में यदि किसी कर्मचारी के अवकाश (Leave), प्रशिक्षण (Training), चिकित्सकीय परीक्षण (Medical Examination), विभागीय परीक्षा (Departmental Examination), न्यायालय में उपस्थिति (Court Attendance) अथवा अन्य स्वीकृत कारणों से अनुपस्थित होने पर उसके स्थान पर कोई कर्मचारी उपलब्ध न हो, तो रेल परिचालन गंभीर रूप से प्रभावित हो सकता है।
इसी समस्या के समाधान के लिए भारतीय रेलवे में Leave Reserve (LR) की व्यवस्था की गई है।
Leave Reserve कोई अतिरिक्त सुविधा नहीं, बल्कि रेलवे की Manpower Planning का अभिन्न भाग है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी कर्मचारी की स्वीकृत अनुपस्थिति के कारण कार्य प्रभावित न हो तथा आवश्यक सेवाएँ बिना बाधा के चलती रहें।
Leave Reserve से संबंधित वर्तमान मूल निर्देश Railway Board Master Circular No. 41 [No. E(G)91 LR1-2 dated 25.12.1991] में संकलित हैं। इस Master Circular में 1951 से 1991 तक जारी विभिन्न Railway Board Letters को एकीकृत किया गया है। रेलवे बोर्ड ने जून 2024 में पुनः सभी जोनल रेलों को निर्देश दिया कि Leave Reserve संबंधी Master Circular No. 41 के प्रावधानों का कड़ाई से पालन किया जाए, विशेषकर Train Managers (पूर्व में Guards) के संदर्भ में प्राप्त शिकायतों के मद्देनज़र।
